सुबह 8 बजे उठा. गप्पे मारीं सब के साथ. फिर movie देखी , " In the mood for love". दुपहर को करेला और तुरई की सब्जी खाई और २बजे पिक्चर देखने हम सुब निकल पड़े. रुद्रपुर के चावला सिनेमा में "Kites" चल रही थी. रद्दी सिनेमा, रद्दी फिल्म. सरदर्द हो गया सभी का. फिर वापस आ गए. आना जाना अच्छा रहा. बुआ ने कहा की हम सभी में सबसे ज्यादा मैं बात करता हूँ. मैंने इस बारे में सोचा, क्या मेरे बाकी मित्र भी येही कहेंगे मेरे विष्य में? मेरे PEC के मित्र और IIFT के लोग क्या इस बात से सहमत होंगे?
वापस आ के बुआ को internet use करना सिखाया. रात को दाल बाटी खाई.
0 comments:
Post a Comment